युवाओं को नौकरी देने के मामले में अभी तक कमजोर साबित हुई सरकार अब खबरदार हो गई है. जॉब की कमी से युवाओं में बढ़ते असंतोष को देखते हुए वह लेबर रिफॉर्म पर जोर-शोर से काम करने जा रही है. श्रम मंत्री बंडारू दत्ताढत्रेय ने कहा है कि इससे युवाओं को क्वाोलिटी जॉब मिलेगी. नेशनल करियर सर्विस परियोजना का भी प्रभावी तरीके से क्रियान्वयन किया जा रहा है. 2016-17 में 540 रोजगार मेले आयोजित किए गए, जिसकी संख्याक बढ़ाई जा सकती है.
दत्ताएत्रेय ने कहा कि असंगठित क्षेत्र में काम कर रहे 40 करोड़ लोग अटल पेंशन योजना, कर्मचारी राज्य बीमा और कर्मचारी भविष्य निधि जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के दायरे में आएंगे. आंगनवाड़ी और आशा कर्मियों समेत इन 40 करोड़ असंगठित कर्मियों को यू-विन (अनऑर्गेनाइज्ड वर्कर्स आइडेंटिफिकेशन नंबर) कार्ड दिया जाएगा.
दत्तारत्रेय ने कहा कि श्रम मंत्रालय लेबर रिफॉर्म पर काम करने के साथ ही रोजगार सृजन के नए उपाय भी कर रहा है. उनके अनुसार भारत एकमात्र देश है जिसने इन योजनाओं का प्रभावी तरीके से क्रियान्वपयन और कारोबारी माहौल बेहतर बनाने के लिए श्रम सुविधा पोर्टल शुरू किया है.
श्रम मंत्रालय ‘नेशनल करियर सर्विस’ परियोजना का क्रियान्वयन कर रहा है, जो देश में रोजगार सेवा में बदलाव की दिशा में एक अहम कदम साबित हो सकता है. सरकार ने पिछले तीन वर्षों के दौरान 23 मंत्रालयों द्वारा देश के 1.25 करोड़ लोगों को जरूरी पेशेवर ट्रेनिंग देने का दावा किया है. प्रधानमंत्री रोजगार प्रोत्सादहन योजना के तहत अभी तक 6 लाख नौकरियां पैदा हुई हैं और 50 लाख युवाओं को इसके तहत नौकरी देने की योजना है.
नेशनल करियर सर्विस (एनसीएस) पोर्टल पर 3.87 करोड़ उम्मीदवार, 14.8 लाख प्रतिष्ठान पंजीकृत हैं और इसके जरिए 6 लाख से अधिक रिक्त पद भरने की पहल की गई है.
अर्थ संसार
श्रम सुधार से से युवाओं को मिलेगी क्वालिटी जॉब
युवाओं को नौकरी देने के मामले में अभी तक कमजोर साबित हुई सरकार अब खबरदार हो गई है. जॉब की कमी से युवाओं में बढ़ते असंतोष को देखते हुए वह लेबर रिफॉर्म पर जोर-शोर से काम करने जा रही है. श्रम मंत्री बंडारू दत्ताढत्रेय ने कहा है कि इससे युवाओं को क्वाोलिटी जॉब मिलेगी.
Cult Current
01 Jun 2017