भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के मौसम को लेकर नया पूर्वानुमान और बुलेटिन जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ और मानसूनी तंत्र की सक्रियता के कारण देश के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक मध्यम से भारी बारिश की संभावना व्यक्त की गई है। उत्तर-पूर्व भारत के राज्यों के साथ-साथ मैदानी इलाकों में अचानक मौसम में आए इस बदलाव से तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है।
विशेष रूप से अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा जैसे उत्तर-पूर्वी राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसके अतिरिक्त, उत्तराखंड, झारखंड, बिहार, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ दूरदराज इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है। पहाड़ी क्षेत्रों में बिजली चमकने और गरज के साथ बौछारें पड़ने की चेतावनी दी गई है।
मौसम विभाग ने उत्तराखंड और अन्य पर्वतीय राज्यों के संवेदनशील इलाकों में भूस्खलन (landslides) और नदियों के जलस्तर में अचानक वृद्धि की चेतावनी जारी की है। स्थानीय प्रशासन को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अलर्ट पर रखा गया है, और पर्वतीय मार्गों पर यात्रा करने वाले पर्यटकों तथा स्थानीय निवासियों को अनावश्यक यात्रा से बचने और सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
दूसरी ओर, उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों जैसे पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में बारिश की गतिविधियों में थोड़ी कमी देखने को मिल सकती है, जिससे दिन के अधिकतम तापमान में थोड़ी बढ़ोतरी हो सकती है। हालांकि, तटीय क्षेत्रों और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिलती रहेगी।
आईएमडी (IMD) ने किसानों को सलाह दी है कि वे कटी हुई फसलों को सुरक्षित स्थानों पर रखें और खेतों में अतिरिक्त पानी की निकासी की व्यवस्था करें। जलजमाव वाले निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है, जबकि मछुआरों को खराब मौसम वाले क्षेत्रों में समुद्र में न जाने के निर्देश दिए गए हैं।