भारतीय रेलवे ने पंजाब के पटियाला लोकोमोटिव वर्क्स (PLW) में एक ऐतिहासक उपलब्धि हासिल करते हुए देश का पहला आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) संचालित रेलवे इंजन तैयार किया है। इंजन संख्या 39642 को एआई-आधारित ओवरहेड इक्विपमेंट (OHE) मॉनिटरिंग सिस्टम से लैस कर पटियाला से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
यह एआई सिस्टम रेलगाड़ी की यात्रा के दौरान ओवरहेड बिजली तारों और ट्रैक की निगरानी रीयल-टाइम आधार पर करेगा। यदि तारों में कोई ढीलापन, घिसाव, स्पार्किंग या ट्रैक पर कोई बाहरी वस्तु पाई जाती है, तो सिस्टम लोको पायलट और नजदीकी कंट्रोल रूम को तुरंत सतर्क कर देगा।
इस आधुनिक तकनीक के उपयोग से ट्रेन हादसों की रोकथाम में बहुत मदद मिलेगी। पटरियों और बिजली की लाइनों में होने वाली तकनीकी खराबियों का समय रहते पता चलने से रेल परिचालन की सुरक्षा और समयबद्धता (Punctuality) में अभूतपूर्व सुधार आएगा।
पटियाला लोकोमोटिव वर्क्स के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, इस स्वदेशी एआई तकनीक का परीक्षण विभिन्न मौसम और परिस्थितियों में किया गया है, जहां इसके परिणाम बेहद सकारात्मक रहे हैं। आने वाले समय में अन्य नई और मौजूदा इंजनों में भी इस प्रणाली को स्थापित करने का लक्ष्य है।
भारतीय रेलवे का यह कदम 'डिजिटल इंडिया' और 'मेक इन इंडिया' अभियानों के तहत रेल सुरक्षा को आधुनिक युग में ले जाने की एक बड़ी मिसाल है, जिससे भारतीय रेल सेवाओं को वैश्विक मानकों के समकक्ष लाने में सफलता मिलेगी।