Flash Cult Current
राजनीति

विनेश फोगाट को कानूनी झटका: दिल्ली हाई कोर्ट ने ट्रायल राहत याचिका खारिज की

भारतीय कुश्ती जगत से जुड़ी एक बड़ी कानूनी खबर में दिल्ली उच्च न्यायालय ने स्टार महिला पहलवान विनेश फोगाट को झटका दिया है। अदालत ने 2026 सीनियर विश्व कुश्ती चैंपियनशिप के लिए आयोजित होने वाले चयन ट्रायल्स में भागलेने हेतु पात्रता नियमों में ढील देने की उनकी याचिका को खारिज कर दिया है।

कल्ट करंट डेस्क
Cult Current
12 Sep 2026

भारतीय कुश्ती जगत से जुड़ी एक बड़ी कानूनी खबर में दिल्ली उच्च न्यायालय ने स्टार महिला पहलवान विनेश फोगाट को झटका दिया है। अदालत ने 2026 सीनियर विश्व कुश्ती चैंपियनशिप के लिए आयोजित होने वाले चयन ट्रायल्स में भाग लेने हेतु पात्रता नियमों में ढील देने की उनकी याचिका को खारिज कर दिया है।

विनेश फोगाट ने याचिका में तर्क दिया था कि चोट से उबरने की अवधि और हालिया राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अनुपस्थिति के बावजूद उनके अतीत के अंतरराष्ट्रीय ट्रैक रिकॉर्ड को देखते हुए उन्हें विशेष ट्रायल की अनुमति दी जानी चाहिए। हालांकि, कुश्ती महासंघ और खेल मंत्रालय के वकीलों ने तर्क दिया कि नियम सभी एथलीटों के लिए समान होने चाहिए।

माननीय न्यायमूर्ति की पीठ ने फैसला सुनाते हुए टिप्पणी की कि खेल संघों द्वारा तय किए गए चयन मापदंडों और पात्रता नियमों में अदालत का हस्तक्षेप करना उचित नहीं होगा। अदालत ने माना कि चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता बनाए रखने के लिए सभी खिलाड़ियों को निर्धारित चयन प्रक्रिया और ट्रायल से होकर ही गुजरना होगा।

इस फैसले के बाद अब विनेश फोगाट आगामी विश्व कुश्ती चैंपियनशिप की दौड़ से बाहर हो गई हैं। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला देश के युवा और उभरते हुए पहलवानों के लिए एक समान अवसर (Level Playing Field) सुनिश्चित करने की दिशा में एक नज़ीर बनेगा।

हालाँकि यह फैसला फोगाट के प्रशंसकों और उनके खेल करियर के लिए एक निराशाजनक मोड़ है, लेकिन अदालत के इस स्पष्ट रुख से यह संदेश भी गया है कि भारतीय खेल प्रशासन में नियमों की सर्वोच्चता और प्रक्रियागत निष्पक्षता को अब किसी भी व्यक्ति विशेष से ऊपर रखा जाएगा।