आनंदी बेन पटेल बनेंगी उपराष्ट्रपति

जलज वर्मा

 |  03 Jan 2020 |   269
Culttoday

भाजपा के भीतरी सूत्रों का कहना है कि इस बार उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल का उपराष्ट्रपति बनना तय है. पिछली बार भी आनंदी बेन पटेल का नाम उभरा था. पर आखिर कार वेंकेया नायडू को यह अवसर मिला. यह दक्षिण की राजनीतिक समीकरण की विवशता थी. पर इस बार शायद ऐसा न हो क्योंकि सूत्र बताते हैं कि आनंदी बेन से बकायदा भाजपा के सर्वोच्च नेतृत्व ने यह वादा किया है कि अगली उप राष्ट्रपति उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ही होंगी. उपराष्ट्रपति के चुनाव में अभी बहुत देर है. वर्तमान उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू का कार्यकाल 10 अगस्‍त 2022 को समाप्त हो रहा है. जाहिर है आनंदी का नंबर उनके बाद आयेगा. ऐसे में इस तरह के संकेत और आश्वासन के मतलब सियासी हैं.    

2017 में इस लिये आनंदीबेन को उपराष्ट्रपति बनाए जाने की बात हुई थी कि उसके जरिये गुजरात चुनावों में इसका फायदा मिल सकता था. आनंदी बेन खुद पटेल समुदाय से ताल्‍लुक रखती हैं. यह सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक रूप से गुजरात का सबसे ताकतवर समुदाय है. इस बार एक तो उसकी भरपाई करनी है दूसरे इस पद के लिये गोलबंदी करने वाली सुमित्रा महाजन को यह संकेत देना है कि वे इस पद की आकांक्षा न पालें. आनंदी बेन पटेल को उनके पद पर बिठाने से ज्यादा यह कवायद सुमित्रा महाजन को उस पद से दूर रखने की कारगुजारी है.

 आनंदीबेन पटेल ने मुख्यमंत्री पद से जब इस्तीफा दिया तो हालात यह थी कि वह भाजपा के लिये गुजरात में नुकसानदेह हो चुकी थीं. वैसे भी उनकी उम्र 75 की हो चुकी है. उनका राजनैतिक कैरियर समाप्तप्राय था  ऐसे में  भाजपा ने उन्हें राज्यपाल बना कर उबारा तो उसके पीछे भी वजह थी. अब अगर उन्हें उपराष्ट्रपति पद के लिये भरोसा दिया जा रहा है तो उसके भी कुछ गहरे निहितार्थ हैं. उल्लेखनीय है कि राज्यसभा और लोकसभा के निर्वाचित और नामांकित सदस्य उपराष्ट्रपति का चुनाव करते हैं. गौरतलब है कि उपराष्ट्रपति राज्यसभा का पदेन सभापति भी होता है. भले ही भाजपा तमाम राज्य हारती जा रही हो पर दोनों सदन के मत मिला कर उसे अपना मन पसंद उपराष्ट्रपति बनाना कोई मुश्किल नहीं है.

दिल्ली में कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता कहते हैं कि, “भाजपा गुजरात के पिछले चुनावों में अपनी हालात देख चुकी है. अब अगले चुनाव से ठीक पहले वह उन आनंदी बेन पटेल का इस्तेमाल कर लेगी जिनका कोई और इस्तेमाल नहीं है. बीजेपी दगे हुए कारतूसों का इस्तेमाल अच्छी तरह जानती है.” फिलहाल तकरीबन तीन साल पहले ही आनंदी बेन पटेल के उपराष्ट्रपति बनने के खबरें खूब फैलाई जा रहे है.


RECENT NEWS

NEP 2020: शोध, संस्कृति और नवाचार की नई उड़ान
कल्ट करंट डेस्क |  08 Aug 2026  |  10
भारतीय प्लेइंग-11 का पेंच
कल्ट करेंट डेस्क |  08 Aug 2026  |  12
सुरक्षा और आजीविका पर गहरे प्रश्न
कल्ट करेंट डेस्क |  07 Aug 2026  |  20
जलप्रपात की चेपट में डूबता असम
कल्ट करेंट डेस्क |  07 Aug 2026  |  19
तीन देश का रक्षा कवच–सउदी–तुर्की–पाक
कल्ट करेंट डेस्क |  07 Aug 2026  |  23
रॉकेट फोर्सः युद्ध का नया व्याकरण
संजय श्रीवास्तव |  02 Apr 2026  |  276
To contribute an article to CULT CURRENT or enquire about us, please write to cultcurrent@gmail.com . If you want to comment on an article, please post your comment on the relevant story page.
All content © Cult Current, unless otherwise noted or attributed. CULT CURRENT is published by the URJAS MEDIA VENTURE, this is registered under UDHYOG AADHAR-UDYAM-WB-14-0119166 (Govt. of India)